मिर्ज़ापुर में राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी झूरी बिन्द के प्रतिमा का किया अनावरण
मिर्ज़ापुर पुलिस लाइन हेलीपैड पर उतरने पर केन्द्रीय राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल, पूर्व मंत्रिमदिहन विधायक रमाशंकर सिंह पटेल, मझवा विधायक डाॅ0 विनोद उम्र बिन्द, सहित अन्य जनप्रतिनिधियो के साथ मण्डलायुक्त डाॅ0 मुथुकुमार स्वामी बी0, उप पुलिस महानिरीक्षक आर0पी0 सिंह, जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन, पुलिस अधीक्षक अभिनन्दन, ने राज्यपाल को पुष्प गुच्छ देकर उनका स्वागत किया , राज्यपाल ने भटौली मार्ग के दो-मुहिया तिराहे पर महान स्वतंत्रा संग्राम सेनानी शहीद झूरी बिन्द के प्रतिमा का अनावरण कर जन समूह को भी हाथ जोड़कर अभिवादन किया, उसके बाद राजकीय पालीटेक्निक परिसर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम मे पहुँचकर विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के विभिन्न श्रेणी के 400 लाभार्थियो को टूल वितरण कार्यक्रम में 05 लाभार्थियो को महामहिम के कर कमलो द्वारा टूल वितरण प्रदान किया गया, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि आज आजादी के शहीदों के द्वारा ही हम आजाद भारत मे जी रहे है, भारत मे रामराज्य आया, आजादी के 100 साल पूरे होने पर पीएम चाहते है कि हमारा भारत विकसित हो, पिछड़े क्षेत्र में जहां बुनियादी सुविधाएं नही पहुची है वहा भारत सरकार काम कर रही है, जब राज्य और केंद्र सरकार बनती है तो खोज खोज कर लाभार्थियो के घर तक योजनाओं का लाभ पहुचे, बेटियो की पढ़ाई मेरे लिए बहुत महत्वपूर्ण है, स्वयं सहायता समूह की ने बहुत अच्छा किया, आज हम भी आत्मनिर्भर बन सकते है, जब महिलाएं विकसित होती है तब भारत विकसित होता है, आज प्राइमरी स्कूलों में लड़कियां ज्यादा दिखाई देती है लड़के कम दिखाई देते है, यूनिवर्सिटी में 80 प्रतिशत लडकिया गोल्ड मेडल लाती है, 1975 में आंगनवाड़ी की शुरुवात हुई और 1998 तक आंगनवाड़ी केंद्र का पता नही चलता था लेकिन अब सरकार आंगनवाड़ी केंद्र के माध्यम से योजनाएं चल रही है और उसका लाभ मिल रहा है, आँगन वाड़ी केंद्र के माध्यम से यूनिवर्सिटी चलाई जाए, यूनिवर्सिटी का रोल मॉडल बच्चों को दिखाए, शिक्षा पद्धति में सुधार की आवश्कता को बल देना पड़ेगा , एक भी बच्चा शिक्षा से वंचित नही रहना चहिए, एक एक टीबी मरीज बच्चे को गोद ले और पोषण आहार दे वो बच्चा टीबी मुक्त रहेगा, 2025 तक टीबी मुक्त भारत होना चहिए, 3 लाख से ज्यादा टीबी के मरीज स्वास्थ्य हो चुके है, प्रजा के सहयोग से बिना किसी से फंड लिए 12 हजार से ज्यादा टीबी मरीजो को किट वितरण किया, विकसित भारत की कल्पना के साथ मैं अपना भाषण समाप्त किया ,